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Berlin Brandenburg Airport Terminal 1
Photo: Illustrative image — Photo: Arne Müseler, CC BY-SA 3.0, via Wikimedia Commons

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केंद्र ने नए नियम अधिसूचित किए, असाधारण परिस्थितियों में हवाई किराए में दखल संभव

केंद्र ने नए नियम अधिसूचित किए, जिनके तहत असाधारण परिस्थितियों में एयरलाइन किरायों में दखल दिया जा सकेगा

Updated 2 min read

Key points

  • एयरलाइनों को टिकट पर कुल राशि, बेस फेयर, टैक्स, शुल्क और कैंसिलेशन चार्ज का अलग-अलग विवरण दिखाना होगा
  • असाधारण स्थिति में सरकार एयरलाइनों को किराए के संबंध में लिखित निर्देश जारी कर सकती है, जो केवल तय समय सीमा तक लागू होंगे
  • DGCA नियमित एयरलाइनों द्वारा तय किए गए किरायों की निगरानी करेगा

Why it matters. नए नियमों से टिकट कीमतों में पारदर्शिता बढ़ेगी, और असाधारण हालात में सरकार एयरलाइन किरायों में दखल दे सकती है।

नागरिक उड्डयन मंत्रालय ने 'भारतीय वायुयान नियम, 2026' जारी किए हैं, जिनके तहत कच्चे तेल और एविएशन टर्बाइन फ्यूल (ATF) की बढ़ती कीमतों से हो रही हवाई किराए की बढ़ोतरी पर चिंता के बीच सरकार असाधारण परिस्थितियों में एयरलाइनों को किराए पर निर्देश दे सकती है। ऐसे निर्देश केवल एक तय समय सीमा तक लागू रहेंगे। नियम 192 के अनुसार नियमित एयरलाइनों को किराया ऑपरेटिंग कॉस्ट जैसे आधारों पर तय करना होगा और उसका विवरण नागरिक उड्डयन महानिदेशालय (DGCA) को सौंपना होगा, साथ ही किराया अपनी वेबसाइटों पर दिखाना होगा। भारत ने 1994 में हवाई किराए डिरिगुलेट किए थे, जबकि पुराने एयरक्राफ्ट रूल्स, 1937 के नियम 135(4) में DGCA को अत्यधिक या अनुचित कीमतों पर निर्देश देने का अधिकार था।

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केंद्र ने नए नियम अधिसूचित किए, असाधारण परिस्थितियों में हवाई किराए में दखल संभव

कच्चे तेल और ATF की कीमतों में बढ़ोतरी के चलते हवाई किराए महंगे होने को लेकर जताई जा रही चिंताओं के बीच, सरकार ने नए नियम लागू किए हैं. आइए इसे विस्तार से समझने की कोशिश करते हैं. कच्चे तेल और एविएशन टर्बाइन फ्यूल (ATF) की बढ़ती कीमतों के कारण हवाई किराए में हो रही बढ़ोतरी को लेकर चिंताओं के बीच, सरकार ने नए नियम नोटिफाई किए हैं. इन नियमों के तहत, असाधारण परिस्थितियों में और जनहित को ध्यान में रखते हुए, सरकार एयरलाइन टिकट की कीमतों में दखल दे सकती है. केंद्रीय नागरिक उड्डयन मंत्रालय द्वारा अधिसूचित 'भारतीय वायुयान नियम, 2026' के अनुसार, यदि केंद्र सरकार को लगता है कि किसी असाधारण स्थिति में दख.

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