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Wheat harvest on field
Photo: Illustrative image — Photo: U.S. Department of Agriculture, Public domain, via Wikimedia Commons

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यूपी: आपदा में जान गंवाने वाले के परिजनों को अब आठ लाख का मुआवजा, फसलों के नुकसान पर 30% ज्यादा क्षतिपूर्ति

यूपी सरकार ने आपदा में मृतकों के परिजनों को मिलने वाली मदद बढ़ाकर 8 लाख रुपये की, फसल नुकसान की सहायता भी बढ़ी।

Updated 2 min read

Key points

  • आपदा में मृत व्यक्ति के परिवार को अब 4 लाख के बजाय 8 लाख रुपये आर्थिक मदद मिलेगी।
  • सिंचित फसल नुकसान पर सहायता 17 हजार से बढ़ाकर 22 हजार रुपये प्रति हेक्टेयर की गई है।
  • एक अप्रैल से चार नवंबर तक 10,02,684 किसानों की 52 लाख, 14 हजार हेक्टेयर फसल को नुकसान हुआ है।

Why it matters. व्यक्तिगत लाभार्थियों की सहायता सीधे उनके बैंक खातों में डीबीटी के माध्यम से भेजी जाएगी और लाभार्थियों की सूची सार्वजनिक करनी होगी, ताकि पारदर्शिता बनी रहे।

उत्तर प्रदेश सरकार ने प्राकृतिक आपदा में जान गंवाने वाले लोगों के परिवार को दी जाने वाली आर्थिक मदद 4 लाख रुपये से बढ़ाकर 8 लाख रुपये कर दी है। फसल व अन्य नुकसान की सहायता राशि में करीब 25-30 फीसदी वृद्धि की गई है, और सिंचित फसल पर प्रति हेक्टेयर सहायता 17 हजार से बढ़ाकर 22 हजार रुपये कर दी गई है। राहत आयुक्त ने जिलाधिकारियों से एक अप्रैल से चार नवंबर तक के नुकसान की रिपोर्ट मांगी है, और नए मानक वित्तीय वर्ष 2026-27 से 2030-31 तक प्रभावी रहेंगे।

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यूपी: आपदा में जान गंवाने वाले के परिजनों को अब आठ लाख का मुआवजा, फसलों के नुकसान पर 30% ज्यादा क्षतिपूर्ति

उत्तर प्रदेश सरकार में प्राकृतिक आपदा में जान गंवाने वाले लोगों के परिवार को अब 4 लाख के बजाय 8 लाख रुपये आर्थिक मदद देगी। फसल व अन्य नुकसान में दी जाने वाली सहायता राशि में भी करीब 25-30 फीसदी तक वृद्धि की गई है। राहत आयुक्त ने जिलाधिकारियों से एक अप्रैल से चार नवंबर तक आपदा से नुकसान की रिपोर्ट मांगी है। राज्य आपदा मोचन निधि (एसडीआरएफ) और राष्ट्रीय आपदा मोचन निधि (एनडीआरएफ) के तहत दी जाने वाली सहायता के मानकों में बदलाव किया गया है। नए मानक वित्तीय वर्ष 2026-27 से 2030-31 तक प्रभावी रहेंगे। राज्य आपदा राहत विभाग के मुताबिक, एक अप्रैल से चार नवंबर तक 10,02,684 किसानों की 52 लाख, 14 हजार हेक्टेयर फसल को नुकसान हुआ है। इसी प्रकार 3,537 पशुओं की मौत हुई है। अभी तक सिंचित फसल के नुकसान पर 17 हजार रुपये प्रति हेक्टेयर की सहायता राशि दी जाती है अब इसे बढ़ाकर 22 हजार रुपये कर दिया गया है। बारिश से नुकसान की राशि 8,500 रुपये प्रति हेक्टेयर से बढ़ाकर 11 हजार की गई है। व्यक्तिगत लाभार्थियों को मिलने वाली सहायता अनिवार्य रूप से सीधे उनके बैंक खातों में डीबीटी के माध्यम से भेजी जाएगी। लाभार्थियों की सूची और पात्रता का आधार सार्वजनिक करना होगा, ताकि वितरण में पारदर्शिता बनी रहे। पशुधन पर भी मुआवजा बढ़ा : प्राकृतिक आपदा में गाय, भैंस, घोड़े या ऊंट जैसे बड़े पशुओं की मृत्यु होने पर मिलने वाली सहायता 40 हजार से बढ़ाकर 50 हजार रुपये कर दी गई है। बकरी, भेड़ और सूअर जैसे छोटे पशुओं के लिए यह राशि 4 हजार से बढ़ाकर 5,500 रुपये की गई है। इसी प्रकार गधे और खच्चर जैसे भार ढोने वाले पशुओं के नुकसान पर.

Sources